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अपराध बिहार

मासूमों से यौन शोषण और प्रताड़ना मामले में बिहार के 25 डीएम और 71 अफसरों पर कार्रवाई तय

पटना। सूबे के 17 शेल्टर होम में बच्चों से यौन शोषण और प्रताड़ना के मामले में जल्द ही बिहार के 25 डीएम और 46 अन्य सरकारी अधिकारियों पर गाज गिरने वाली है। इस मामले की जांच कर रही सीबीआई ने इन सभी सरकारी अधिकारियों के खिलाफ सख्त विभागीय कार्रवाई की अनुशंसा करते हुए बिहार के मुख्य सचिव को पत्र भेजा है। जिसमें अधिकारियों की घोर लापरवाही को उजागर किया गया है। सीबीआई ने इसके साथ ही प्रदेश के 52 निजी व्यक्तियों और एनजीओ को भी तत्काल प्रभाव से ब्लैकलिस्ट कर उनका रजिस्ट्रेशन रद्द किए जाने की अनुशंसा की है।
सीबीआई ने यह जानकारी सोमवार को सुप्रीम कोर्ट में दायर अपने हलफनामे में दी है। सीबीआई ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि उन्होंने सभी 17 शेल्टर होम की जांच पूरी कर ली है। इस संदर्भ में संबंधित अदालतों में रिपोर्ट दायर की जा चुकी है।

इन अफसरों पर होगी कार्रवाई

  1. चिल्ड्रन होम फोर ब्वायज, गया- 2 डीएम, 1 सरकारी अधिकारी और 13 चाइल्ड वेल्फेयर कमेटी के सदस्य व प्राइवेट व्यक्तियों को ब्लैकलिस्ट करने की सिफारिश।
  2. चिल्ड्रन होम फोर ब्वायज, भागलपुर- 2 डीएम, 3 सरकारी अधिकारी और 6 प्राइवेट व्यक्ति ब्लैकलिस्ट करने की सिफारिश।
  3. शार्ट स्टे होम, मुंगेर- यहां पर अधिकारियों को इंस्पेक्शन के संबंध में विशेष निर्देश दिए जाने की जरूरत है।
  4. चिल्ड्रन होम फोर ब्वायज, मुंगेर- 1 डीएम और 2 प्राइवेट लोगों को ब्लैकलिस्ट करने की सिफारिश।
  5. शार्ट स्टे होम, पटना – 1 डीएम, 2 सरकारी अधिकारी और 3 संस्थाओं को ब्लैकलिस्ट करने की सिफारिश।
  6. कौशल कुटीर, पटना- एक सरकारी अधिकारी।
  7. चिल्ड्रन होम फोर ब्वायज, मोतीहारी- 2 डीएम।
  8. शार्ट स्टे होम, मोतीहारी- 5 डीएम, 5 सरकारी अधिकार और 1 एनजीओ सखी को ब्लैकलिस्ट करने की सिफारिश।
  9. शार्ट स्टे होम, कैमूर- 7 डीएम, 11 सरकारी अधिकारी और 1 ब्लैकलिस्ट की सिफारिश।
  10. शार्ट स्टे होम, मधेपुरा- 1 डीएम और 5 सरकारी अधिकारी।
  11. आब्जर्वेशन होम, अररिया- 1 डीएम और 5 सरकारी अधिकारियों पर कार्रवाई की सिफारिश हुई है।